Budhimaan

Home » Hindi Muhavare » पराई आग में हाथ सेंकना अर्थ, प्रयोग (Parayi aag mein haath sekna)

पराई आग में हाथ सेंकना अर्थ, प्रयोग (Parayi aag mein haath sekna)

पराई आग में हाथ सेंकना – यह एक लोकप्रिय हिंदी मुहावरा है जिसका प्रयोग अक्सर साहित्य और बोलचाल की भाषा में किया जाता है। इस मुहावरे का अर्थ, प्रयोग, और उदाहरणों के साथ विस्तार से विश्लेषण करते हैं।

परिचय: “पराई आग में हाथ सेंकना” एक प्रचलित हिंदी मुहावरा है जिसका उपयोग अक्सर उस स्थिति को व्यक्त करने के लिए किया जाता है जहां कोई व्यक्ति दूसरों के झगड़े या समस्याओं का लाभ उठाता है।

अर्थ: इस मुहावरे का शाब्दिक अर्थ है किसी और की आग में अपने हाथ गर्म करना। परंतु लाक्षणिक रूप से, इसका अर्थ होता है किसी और की मुसीबत या अनिष्ट का फायदा उठाना। यह अक्सर उस स्थिति में प्रयोग किया जाता है जहां कोई व्यक्ति दूसरों की परेशानियों का लाभ उठाने की कोशिश करता है।

प्रयोग: यह मुहावरा व्यंग्यात्मक और नैतिकता से जुड़े संदर्भों में प्रयोग किया जाता है। जब कोई व्यक्ति दूसरे की दुर्दशा या संकट का फायदा उठाता है, तो उस स्थिति को व्यक्त करने के लिए इस मुहावरे का इस्तेमाल होता है।

उदाहरण:

-> जब शहर में हड़ताल हुई, तो कुछ ऑटो वालों ने इसका फायदा उठाते हुए अधिक किराया वसूल किया, वे सभी पराई आग में हाथ सेंक रहे थे।

-> दो बिजनेस पार्टनर्स के बीच झगड़ा होने पर, तीसरे व्यक्ति ने उनके विवाद का लाभ उठाया और बाजार में अपनी पकड़ मजबूत कर ली। यहां उसने ‘पराई आग में हाथ सेंकने’ का प्रदर्शन किया।

निष्कर्ष: “पराई आग में हाथ सेंकना” एक ऐसा मुहावरा है जो समाज में व्याप्त स्वार्थपरता और अवसरवादिता को दर्शाता है। यह हमें यह सिखाता है कि दूसरों की मुसीबतों का फायदा उठाना नैतिक रूप से गलत है और इससे बचना चाहिए। इसके माध्यम से हम समझते हैं कि सच्ची सफलता और समृद्धि दूसरों के दुःख पर नहीं बल्कि आपसी सहयोग और समर्थन पर निर्भर करती है।

पराई आग में हाथ सेंकना मुहावरा पर कहानी:

एक छोटे से गाँव में प्रेमचंद्र नाम का एक ईमानदार और मेहनती किसान रहता था। उसके पास खेती के लिए बहुत कम जमीन थी, लेकिन वह उसे बड़ी लगन से जोतता। उसके बगल में रहने वाले रमेश और सुरेश भाई थे, जो अक्सर आपस में झगड़ते रहते थे।

एक दिन, रमेश और सुरेश के बीच उनकी जमीन को लेकर विवाद हो गया। वे दोनों इतने गुस्से में थे कि उन्होंने अपनी खेती की तरफ ध्यान ही नहीं दिया। इसका फायदा उठाते हुए, प्रेमचंद्र ने सोचा कि यह उसके लिए अच्छा मौका है। उसने रमेश और सुरेश की जमीन पर अपनी फसल उगा ली और सोचा कि वह इससे अच्छी कमाई करेगा।

लेकिन जब फसल कटाई का समय आया, तो रमेश और सुरेश ने देखा कि उनकी जमीन पर प्रेमचंद्र ने फसल उगाई है। वे दोनों इस बात से नाराज हो गए और प्रेमचंद्र पर गुस्सा उतारने लगे। प्रेमचंद्र ने उन्हें समझाने की कोशिश की कि उसने तो सिर्फ मौके का फायदा उठाया था, लेकिन रमेश और सुरेश ने उसकी एक न सुनी।

आखिरकार, गाँव के मुखिया ने इस विवाद को सुलझाया और प्रेमचंद्र को समझाया कि “पराई आग में हाथ सेंकना” यानी दूसरों की मुसीबत का फायदा उठाना नैतिक रूप से गलत है। प्रेमचंद्र को अपनी गलती का एहसास हुआ और उसने रमेश और सुरेश से माफी मांगी। उस दिन के बाद, प्रेमचंद्र ने कभी भी दूसरों की मुसीबतों का फायदा नहीं उठाया और हमेशा ईमानदारी से अपनी मेहनत पर भरोसा किया।

इस कहानी के माध्यम से हमें यह सिखने को मिलता है कि दूसरों की परेशानियों का लाभ उठाना अंततः हमें नुकसान ही पहुंचाता है। ईमानदारी और मेहनत ही सच्ची सफलता की कुंजी हैं।

शायरी:

बाजार-ए-जिंदगी में बिकते देखे हैं इंसानों को,
पराई आग में हाथ सेंके, ये सिलसिले देखे हैं।
दर्द की दास्तान में अपना फायदा ढूंढते हैं,
जमीर बेच आए हैं, कुछ ऐसे भी मंज़र देखे हैं।

जब गिरे थे हम, तो उठाया नहीं किसी ने,
पराये दुख में मौके के तलाश में भीड़ देखे हैं।
खुद की आग में जलने का हौसला नहीं उनमें,
दूसरों की लौ में अपने हाथ गर्माते चेहरे देखे हैं।

हमने भी सीखा है फायदे की इस बाजी में,
कैसे बचना है उन चालाक आंखों से,

जिन्होंने सिर्फ खुद के लिए जीने के मंजर देखे हैं।
‘पराई आग में हाथ सेंकना’ – इस कला में माहिर हैं कुछ,
जिन्होंने इंसानियत के नाम पर सिर्फ अपने फायदे के सिलसिले देखे हैं।

 

पराई आग में हाथ सेंकना शायरी

आशा है कि आपको इस मुहावरे की समझ आ गई होगी और आप इसका सही प्रयोग कर पाएंगे।

Hindi to English Translation of पराई आग में हाथ सेंकना – Parayi aag mein haath sekna Idiom:

“Parayi aag mein haath sekna” – This is a popular Hindi idiom often used in literature and colloquial language. Let’s analyze this idiom in detail, including its meaning, usage, and examples.

Introduction: “Parayi aag mein haath sekna” is a prevalent Hindi idiom commonly used to express situations where a person benefits from others’ disputes or problems.

Meaning: -The literal meaning of this idiom is to warm one’s hands in someone else’s fire. However, figuratively, it means to take advantage of someone else’s misfortune or adversity. It is often used in situations where a person attempts to benefit from others’ troubles.

Usage: This idiom is used in contexts related to sarcasm and morality. When a person capitalizes on another’s misery or crisis, this idiom is employed to describe that situation.

Example:

-> When there was a strike in the city, some auto drivers took advantage of it by charging higher fares, all of them were “warming their hands in another’s fire.”

-> During a dispute between two business partners, a third person took advantage of their disagreement and strengthened his hold in the market. Here, he demonstrated “warming hands in another’s fire.”

Conclusion: “Parayi aag mein haath sekna” is an idiom that reflects the selfishness and opportunism prevalent in society. It teaches us that taking advantage of others’ troubles is morally wrong and should be avoided. Through this, we understand that true success and prosperity depend not on others’ misfortunes but on mutual cooperation and support.

Story of ‌‌Parayi aag mein haath sekna Idiom in English:

In a small village lived an honest and hardworking farmer named Premchandra. He had very little land for farming, but he cultivated it with great dedication. His neighbors, Ramesh and Suresh, were brothers who often quarreled with each other.

One day, a dispute arose between Ramesh and Suresh over their land. They were so angry that they neglected their farming. Seeing this as an opportunity, Premchandra thought it was a good chance for him. He grew his crops on Ramesh and Suresh’s land, thinking it would yield a good profit.

However, when the time for harvest came, Ramesh and Suresh noticed that Premchandra had cultivated crops on their land. They became angry and confronted Premchandra. He tried to explain that he had only taken advantage of the opportunity, but Ramesh and Suresh wouldn’t listen.

Finally, the village head resolved the dispute and explained to Premchandra that “Warming Hands in Another’s Fire,” which means taking advantage of others’ misfortune, is morally wrong. Realizing his mistake, Premchandra apologized to Ramesh and Suresh. From that day on, Premchandra never took advantage of others’ troubles and always relied on his honesty and hard work.

This story teaches us that taking advantage of others’ difficulties ultimately harms us. Honesty and hard work are the true keys to success.

 

I hope this gives you a clear understanding of the proverb and how to use it correctly

हिंदी मुहावरों की पूरी लिस्ट एक साथ देखने के लिए यहाँ क्लिक करें

टिप्पणी करे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Budhimaan Team

Budhimaan Team

हर एक लेख बुधिमान की अनुभवी और समर्पित टीम द्वारा सोख समझकर और विस्तार से लिखा और समीक्षित किया जाता है। हमारी टीम में शिक्षा के क्षेत्र में विशेषज्ञ और अनुभवी शिक्षक शामिल हैं, जिन्होंने विद्यार्थियों को शिक्षा देने में वर्षों का समय बिताया है। हम सुनिश्चित करते हैं कि आपको हमेशा सटीक, विश्वसनीय और उपयोगी जानकारी मिले।

संबंधित पोस्ट

"खाइए मनभाता पहनिए जगभाता मुहावरे का चित्रण", "गाँव की शादी में समाज के अनुरूप वेशभूषा में युवक", "सादगीपसंद खाने और समाजिक वस्त्रों में संतुलन", "Budhimaan.com पर जीवन शैली और संस्कृति"
Hindi Muhavare

खाइए मनभाता, पहनिए जगभाता अर्थ, प्रयोग (Khaiye manbhata, Pahniye jagbhata)

परिचय: “खाइए मनभाता, पहनिए जगभाता” यह एक प्रचलित हिंदी मुहावरा है जो जीवन में एक संतुलित दृष्टिकोण अपनाने की सलाह देता है। यह मुहावरा हमें

Read More »
"करनी न करतूत, लड़ने को मजबूत मुहावरे का चित्रण", "सकारात्मक कार्यों में ऊर्जा निवेश करते व्यक्ति की छवि", "Budhimaan.com पर सकारात्मक योगदान की प्रेरणा", "विवादों की बजाय कर्म पर ध्यान केंद्रित करता किसान"
Hindi Muhavare

करनी न करतूत, लड़ने को मजबूत अर्थ, प्रयोग (Karni na kartoot, Ladne ko majboot)

परिचय: “करनी न करतूत, लड़ने को मजबूत” एक हिंदी मुहावरा है जो उन व्यक्तियों के व्यवहार को उजागर करता है जो वास्तव में तो कुछ

Read More »
"ईंट की लेनी पत्थर की देनी कहानी चित्र", "मुहावरे का विवेचन आलेख छवि", "छोटी गलती बड़ा प्रतिशोध इलस्ट्रेशन", "Budhimaan.com पर जीवन की सीख ग्राफिक्स"
Hindi Muhavare

ईंट की लेनी पत्थर की देनी अर्थ, प्रयोग (Eent ki leni patthar ki deni)

परिचय: “ईंट की लेनी पत्थर की देनी” यह मुहावरा हिन्दी भाषा में बहुत प्रचलित है, जिसका प्रयोग अक्सर किसी के द्वारा की गई छोटी कार्रवाई

Read More »
"उत्तम खेती मध्यम बान इमेज", "स्वावलंबन का महत्व चित्र", "भारतीय मुहावरे विश्लेषण ग्राफिक", "Budhimaan.com पर आत्मनिर्भरता लेख इमेज"
Hindi Muhavare

उत्तम खेती मध्यम बान, निकृष्ट चाकरी भीख निदान अर्थ, प्रयोग (Uttam kheti madhaym baan, Nikrasht chakri bheekh nidan)

परिचय: “उत्तम खेती मध्यम बान, निकृष्ट चाकरी भीख निदान” एक प्राचीन हिंदी मुहावरा है जो विभिन्न पेशों की सामाजिक और आर्थिक स्थिति की तुलना करता

Read More »

आजमाएं अपना ज्ञान!​

बुद्धिमान की इंटरैक्टिव क्विज़ श्रृंखला, शैक्षिक विशेषज्ञों के सहयोग से बनाई गई, आपको भारत के इतिहास और संस्कृति के महत्वपूर्ण पहलुओं पर अपने ज्ञान को जांचने का अवसर देती है। पता लगाएं कि आप भारत की विविधता और समृद्धि को कितना समझते हैं।